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जनपद में SIR-2026 के तहत 1.39 लाख नोटिसों पर सुनवाई पूरी, अंतिम सूची 3 अक्टूबर को प्रकाशित होगी

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मीडिया लाइव : जनपद की सभी छह विधानसभा क्षेत्रों में निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR-2026) का कार्य सुचारू रूप से चल रहा है। जिलाधिकारी स्वाति एस भदौरिया ने बताया कि प्रशासन का लक्ष्य शुद्ध और अद्यतन मतदाता सूची तैयार करना है। SIR-2026 के तहत विसंगति और मैपिंग न होने वाले 1,39,967 मतदाताओं को नोटिस जारी कर सुनवाई पूरी कर ली गई है। पात्र मतदाताओं को अंतिम सूची में जोड़ा जा रहा है। निर्वाचन आयोग ने अंतिम प्रकाशन की तिथि 15 सितंबर से बढ़ाकर 3 अक्टूबर 2026 कर दी है।

क्या और क्यों हो रहा है?
ECI के अनुसार निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण SIR-2026 का उद्देश्य मतदाता सूची को पूरी तरह शुद्ध करना है। ताकि कोई भी पात्र मतदाता सूची में शामिल होने से वंचित न रहे और अपात्र नामों को नियमानुसार हटाया जा सके।

किसने और कहाँ बताया?
जिलाधिकारी स्वाति एस भदौरिया ने जानकारी दी कि जनपद की सभी छह विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों में यह कार्य भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार व्यवस्थित रूप से किया जा रहा है।

कितने मामलों में कार्रवाई हुई?
SIR के तहत विसंगति एवं मानचित्रण नहीं होने की श्रेणी में कुल 1,39,967 मतदाताओं को नोटिस जारी किए गए थे। प्रशासन ने सभी नोटिसों के सापेक्ष सुनवाई की प्रक्रिया पूरी कर ली है। सुनवाई में पात्र पाए गए मामलों को अंतिम प्रकाशन के लिए तैयार किया गया है।

नई तारीखें क्या हैं?
निर्वाचन आयोग ने अंतिम निर्वाचक नामावली के प्रकाशन की पूर्व निर्धारित तिथि 15 सितंबर 2026 से बढ़ाकर 3 अक्टूबर 2026 कर दी है। वहीं सुनवाई की अंतिम तिथि 28 सितंबर 2026 निर्धारित की गई है। जनपद में अधिकांश सुनवाई पूरी हो चुकी है और शेष कार्य समयसीमा में पूरा किया जा रहा है।

कैसे हो रही है प्रक्रिया?
जिलाधिकारी ने कहा कि प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी तरीके से आयोग के निर्देशों के अनुरूप की जा रही है। इस दौरान राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ लगातार समन्वय और सूचना साझा की जा रही है। किसी भी समस्या का नियमानुसार समाधान किया जा रहा है और दलों को प्रगति के संबंध में ब्रीफिंग भी दी जाएगी।