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जमीन का मुआवजा देने और खतरे वाले इलाके का सर्वे करने के निर्देश

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मीडिया लाइव, चमोली : डीएम ने जमीन का मुआवजा देने और खतरे वाले इलाके का सर्वे करने के निर्देश दिए हैं। यह निर्देश जिलाधिकारी गौरव कुमार की अध्यक्षता में सोमवार को जिला सभागार गोपेश्वर में जनता मिलन कार्यक्रम आयोजन के दौरान दिए गए। कार्यक्रम में जनपद के विभिन्न क्षेत्रों से आए लोगों ने कुल 26 शिकायतें एवं समस्याएं जिलाधिकारी के समक्ष रखीं। जिलाधिकारी ने सभी शिकायतों को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर जांच एवं आवश्यक कार्रवाई करते हुए शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जिसमें

जनता मिलन में किशन सिंह रावत ने जोशीमठ मलारी सड़क में भू – अधिग्रहण प्रतिकर से संबंधित समस्या रखी। इस पर जिलाधिकारी ने भूमि अध्याप्ति सहायक को किशन सिंह सहित प्राप्त सभी सम्बन्धित प्रकरणों में प्रतिकर की कार्रवाई तत्काल जारी करने के निर्देश दिए। राधिका देवी, निवासी देवग्राम ने देवग्राम के 27 परिवारों के अन्यत्र विस्थापन की मांग रखी, जिस पर जिलाधिकारी ने जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी को प्रकरण की जांच कर आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए।

यादवेन्द्र सिंह, निवासी उर्गम ने कल्पेश्वर महादेव मंदिर की सुरक्षा एवं आपदा सुरक्षा से संबंधित समस्या उठाई। जिलाधिकारी ने पीएमजीएसवाई के अधिकारियों को संबंधित विभागों के साथ संयुक्त सर्वे कर सुरक्षा कार्य करने के निर्देश दिए।

बलवंत सिंह, निवासी गोपेश्वर ने वार्ड संख्या-1 में नाली निर्माण की समस्या रखी। जिलाधिकारी ने अधिशासी अधिकारी नगर पालिका को बरसात के बाद तत्काल आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए। विक्रम, निवासी उर्गम ने विद्युत संयोजन हटाए जाने की शिकायत की, जिस पर जिलाधिकारी ने अधिशासी अभियंता विद्युत को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। वहीं विकासनगर, न्यू लॉ कॉलेज गोपेश्वर के समस्त मोहल्लावासियों ने निर्माण कार्य रोके जाने संबंधी शिकायत रखी। जिलाधिकारी ने तहसीलदार को भूमि की जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

प्रेम सिंह, दर्शन नेगी एवं अन्य ने उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारियों से संबंधित विभिन्न मांगें रखीं। जिलाधिकारी ने संबंधित प्रस्ताव शासन को भेजने के निर्देश दिए। इसके अतिरिक्त विपिन सिंह, अतुल शाह, सुधा देवी, जय लाल, बुद्धि प्रसाद, गोपाल सिंह सहित अन्य लोगों ने भी अपनी समस्याएं एवं शिकायतें जिलाधिकारी के समक्ष रखीं।

जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जनता की समस्याओं के निस्तारण में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए तथा प्रत्येक प्रकरण में नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करते हुए शिकायतकर्ता को भी की गई कार्रवाई से अवगत कराया जाए।

इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी डॉ. अभिषेक त्रिपाठी, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. राजीव पाल, मुख्य कृषि अधिकारी जय प्रकाश तिवारी, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंद किशोर जोशी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं आमजन मौजूद रहे।