पेड़ से लटका मिला महिला का शव, मायके वालों ने चोट देखकर उठाए सवाल !
टिहरीः बालगंगा तहसील के मयकोट गांव में एक महिला का शव संदिग्ध परिस्थितियों में पेड़ पर लटका मिला है। मामले में महिला के मायके पक्ष ने उसके पति और ससुराल पक्ष के लोगों पर हत्या के आरोप लगाए हैं। इतना ही नहीं मायके पक्ष का आरोप है कि महिला के ससुराल वाले बिना उनकी मौजूदगी में फांसी से निकालकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बेलेश्वर मोर्चरी में रखने के लिए ले गए। मायके पक्ष ने न्याय की गुहार लगाई है।
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, टिहरी की बालगंगा तहसील के मयकोट गांव के जंगल में पैयापानी नामक तोक में एक महिला का शव संदिग्ध परिस्थितियों में पेड़ से लटका मिला। मृतक महिला की पहचान रजनी देवी पत्नी हेमंत लाल (उम्र 28 वर्ष), निवासी मयकोट के रूप में हुई है।
मायके पक्ष की तरफ से बताया जा रहा है कि महिला बीती 10 जुलाई से घर से गायब थी। अब उसका शव गांव से थोड़ी दूर जंगल में पैयापानी नामक तोक में मिला है। जिसके बाद महिला के ससुराल पक्ष के लोग राजस्व पुलिस को सूचना देकर शव को फंदे से उताकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बेलेश्वर ले गए।
ससुर शिव चरण ने बताया कि उन्हें रजनी की डेड बॉडी गांव के नजदीक गदेरे में फंदे पर लटकी मिली। वहीं, मायके पक्ष से पिता किशोरी लाल ने ससुराल पक्ष पर सीधे आरोप लगाते हुए कहा कि बेटी के ससुराल वाले पहले से ही उसे परेशान करते थे। वहीं, उन्होंने कहा कि कोई भी व्यक्ति स्पष्ट देख सकता है कि डेड बॉडी के सिर से खून निकल रहा है। जबकि, आंख में भी चोट लगी है। उनका आरोप है कि ससुराल पक्ष के लोगों ने प्रशासन को पैसे दे दिए हैं। जिस कारण प्रशासन उनकी तहरीर लेने में आनाकानी कर रहा है।
ससुराल पक्ष और प्रशासन पर मिलीभगत का आरोपः महिला के भाई आकाश ने कहा कि ये आत्महत्या नहीं, बल्कि हत्या है, जो स्पष्ट तौर पर देखा जा सकता है। उन्होंने ससुराल पक्ष और प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाया कि ये लोग रजनी की डेड बॉडी को भी गुम करने के फिराक में थे। क्योंकि, इन लोगों ने रजनी को दो दिन पहले मार दिया था। उन्हें दो दिन बाद इसकी सूचना दी। जबकि, उन्हें सूचना मिलने पर कहा था कि फंदे से तब तक शव मत निकालना जब तक वो लोग मौके पर नहीं पहुंचते, लेकिन ससुराल और प्रशासन की मिलीभगत से शव को आनन-फानन में निकालकर बेलेश्वर अस्पताल में छोड़ कर भाग गए।
रजनी की मां ने लगाया हत्या का आरोपः महिला की मां सुनीता देवी ने बताया कि रजनी के ससुराल वाले उसके साथ हर समय गलत हरकतें करते थे। जो नहीं करनी चाहिए थी। जबकि हम हर बार रजनी को समझा बुझा कर चुप करा लेते थे। लेकिन इस बार इन लोगों ने हमेशा के लिए रजनी का मुंह बंद करा दिया। जबकि उन्होंने तहसील प्रशासन पर आरोप लगाया कि हम लोग सुबह से तहरीर देने के लिए तहसील गए थे, लेकिन वहां किसी ने भी हमारी नहीं सुनी। उन्होंने ससुर शिव चरण और अन्य लोगों पर बहू की हत्या का आरोप लगाया।
वहीं, मामले में तहसीलदार लक्ष्मण सिंह नेगी ने कहा कि तहसील प्रशासन को जैसे ही घटना के बारे में जानकारी मिली तो हम मौके के लिए रवाना हो गए थे। जबकि प्रथम दृष्टया देखकर लग रहा है कि ये आत्महत्या है। पूरी जानकारी पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही पता चलेगी। डेड बॉडी को पोस्टमार्टम के लिए नई टिहरी भेजा गया है।
उक्त मामला राजस्व क्षेत्र से जुड़ा हुआ है। फिलहाल, मामले की जांच राजस्व विभाग की टीम कर रही है। जिससे जांच के बाद ही मामले की सच्चाई का पता लग पाएगा। महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल बौराड़ी भेजा गया है। वहीं, रजनी के मायके पक्ष के परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। उन्होंने प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है।